🚩भारतीय लोकतन्त्र को कायम रखने का मूल मन्त्र🚩@ ✒GBG⚔


1. भारतीय लोकतन्त्र को बचाने के लिए मेरा असूल साफ़ है, बदली कर, बदली कर ।

2.  कर्नाटक की जन्ता समझदार है, उन्हों ने ऐसा ही किया।

3.  खान्ग्रेस को बदल दिया।

4.  भाजपा को अधर में लटका कर  चमड़े के सिक्के चलाने का बदला लिया । मान भंग तो कर ही दिया। सत्ता का नशा अब इन के दिमाग में चढ़ गया है।

5.   JD के गौड़ा को भी जन्ता ने अनिश्चित काल के लिये गठजोड़ नामक मिर्ची के पकौड़ा पे बिठा दिया और कहा, साले जा, राजा बन, लेकिन भीख मांग के जी। वाह कर्नाटका वाह। सही किया। एक दम सही मैंडेट।

6.   मेरी सभी देशभक्तों और भारत प्रेमियों से अपील है, कि भारत में हर जगह, हर बार, सत्ता की हड्डी  को किसि भी राजनितिक कुत्ते के मुंह में 5 साल से अधिक न रहने दें।

7.   याद रहे, भारतीय राजनेता उस नस्ल के कुते हैं जो पूँछ हिला हिला कर जन्ता से सत्ता की हड्डी मांगते हैं, लेकिन हड्डी मुंह में आते ही, जन्ता पर गुर्राने लगते हैं। 5 साल से ज्यादा अरसे के लिए सत्ता की हड्डी मिल जाये तो मालिक को ही काटने लगते हैं।

8.   मित्रो, इसी लिए मैं कहता हूँ, बदली कर, हर बार, बार बार बदली कर।  यही लोकतंत्र को ज़िंदा रखने का तरीका है। जन्ता को हर पांच साल बाद सरकार को बिलकुल बदल देना चाहिए।
 बदली कर, हर बार, बार बार बदली कर।
🚩तत्त सत्त श्री अकाल🚩
©✒गुरु बलवन्त गुरुने⚔

No comments:

Post a Comment